5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्थाBreaking News Economy Featured Article 

भारत को 5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने के लिए चाहिए 8 फ़ीसदी की विकास दर

भारत इस समय विश्व की तेजी से बढ़ती हुई अर्थव्यवस्था है। इस बात को दुनिया के लगभग सभी देशों ने स्वीकार किया है। 5 जुलाई को आम बजट पेश होने से पहले गुरुवार का दिन देश के लिए आर्थिक सर्वे का दिन रहा। देश के सामने बजट पेश होने से पहले कई आर्थिक सर्वे रखे गए। इन आर्थिक सर्वे के द्वारा यह पता चलता है कि यदि भारत देश को 5 ट्रिलियन डॉलर की अवस्था बनना है तो उसे 2025 तक 8 फ़ीसदी की विकास दर से काम करना होगा। आपको बता दें कि अभी भारत की विकास दर केवल 7 फ़ीसदी है। ऐसे में 5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने के सपने को पूरा करने के लिए भारत को अपने विकास दर में 1 फ़ीसदी की वृद्धि लानी पड़ेगी।

भारत के पास है पर्याप्त विदेशी मुद्रा भंडार

लोकसभा में आम बजट पेश करने से पहले इस आर्थिक सर्वे को देश की वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने राज्यसभा में पेश किया। इस आर्थिक सर्वे में यह अनुमान लगाया गया कि वित्त वर्ष 2019-20 में देश में तेल की कीमतों में गिरावट का अनुमान लगाया जा रहा है। इसके अलावा भारत के पास विदेशी मुद्रा का पर्याप्त भंडार है। आने वाले समय में भारत के पास किसी भी तरह से विदेशी मुद्रा भंडार की कमी नहीं होगी। हाल ही के वित्त वर्ष 2018- 19 उन्नीस में भारत के नेट एफडीआई में 14.1 फ़ीसदी की वृद्धि देखने को मिली है।

इसके अलावा आर्थिक सर्वे में यह बात भी निकल कर सामने आई है कि देश का क्रेडिट ग्रोथ अच्छा होने के कारण इन्वेस्टमेंट रेट में बढ़ोतरी की उम्मीद की जा सकती है। वही बैंकों का एनपीए की दर कम होना चिंता का विषय है। सरकारी बैंकों में ऐसा ज्यादा देखने को मिल रहा है। जिससे उनकी बैलेंस शीट पर भी असर पड़ रहा है। घरेलू बाजार में भी विदेशी इन्वेस्टर्स का भरोसा बढ़ा है। ऐसे में आने वाले वित्तीय वर्ष में देश में और भी ज्यादा निवेश देखने को मिल सकता है।

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आम बजट से 1 दिन पहले पेश किए गए आर्थिक सर्वे में पता चला है कि 5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था के लिए भारत को 8 फ़ीसदी की विकास दर चाहिए।
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